गिरदावरी सत्यापन कार्य से मुक्त करने की मांग, सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों ने सौंपा ज्ञापन
कोंडागांव में पशु चिकित्सा अधिकारियों ने कहा—गिरदावरी के भौतिक सत्यापन में ड्यूटी लगने से पशुधन के स्वास्थ्य और विभागीय कार्य प्रभावित होने की आशंका।

कोंडागांव। सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों ने गिरदावरी सत्यापन के भौतिक सत्यापन कार्य से मुक्त करने की मांग को लेकर उपसंचालक, पशु चिकित्सा सेवाएं, कोंडागांव को ज्ञापन सौंपा।
पशुधन के स्वास्थ्य और उपचार की जिम्मेदारी का हवाला
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि पशुधन विकास विभाग के अंतर्गत सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों द्वारा पीपीआर टीकाकरण, कृत्रिम गर्भाधान, वत्स उत्पादन, बधियाकरण एवं पशु उपचार सहित पशुधन के स्वास्थ्य और संवर्धन से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण कार्य निरंतर किए जा रहे हैं। इन विभागीय दायित्वों के बीच अधिकारियों को गिरदावरी के भौतिक सत्यापन कार्य में संलग्न किया जाना उचित नहीं है।
गिरदावरी सत्यापन कार्य से मुक्त करने की मांग
संघ का कहना है कि पशुधन के स्वास्थ्य की सुरक्षा, पशुओं का उपचार तथा पशुपालन से संबंधित शासकीय योजनाओं का क्रियान्वयन विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। ऐसे में गैर-विभागीय कार्यों में संलग्न किए जाने से विभागीय कार्य प्रभावित होने की आशंका है।इस संबंध में संघ ने मांग की है कि सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों को गिरदावरी सत्यापन सहित अन्य गैर-विभागीय कार्यों से मुक्त किया जाए, ताकि वे अपने मूल विभागीय दायित्वों का निर्वहन सुचारु रूप से कर सकें।
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इस अवसर पर प्रदीप कुमार श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष एव जिला अध्यक्ष राधे शयाम नेताम ने संबंधित अधिकारियों से मांग पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया।


