सट्टा का अवैध धंधा अब मार्केट में तेजी से बढ़ता हुआ।
संरक्षणकर्ता को दी जाती है एक निश्चित धन राशि

गुरुर (बालोद) hct : इन दिनों गुरुर नगर में एक का 80 करने के फेर में सटोरिए सक्रिय हैं और सट्टे का खेल लगातार चल रहा है। बता दें कि यह धंधा ना सिर्फ गुरुर जनपद में बल्कि नगर से सटे अनेक ग्राम सनौद, पलारी और अरकार में अवैध सट्टा का कारोबार धड़ल्ले से बेख़ौफ़ अंजाम दिया जा रहा है। लेकिन यहां तक वर्दी धारियों की पहुंच नहीं हो पा रही है यही कारण है कि स्थानीय लोगों की मदद से सट्टा का कारोबार तेजी से फल फूल रहा है।
युवाओं पर ज्यादा असर
सट्टा जैसे संगीन अपराध को स्थानीय लोगों द्वारा भरे समाज में खिलवाया जा रहे है। इससे युवा वर्ग के लोगों पर ज्यादा असर दिखाई पड़ रहा है। जहां युवा वर्ग के लोग सट्टा एवं जुआ जैसे संगीन अपराध में संलिप्त हो रहे हैं, लेकिन इस अपराध को रोकने में गुरुर पुलिस नाकाम साबित हो रही है। नगर के हर गली मोहल्ले और बाजार में खुलेआम सट्टे का कारोबार चल निकला है।
संरक्षणकर्ता को दी जाती है एक निश्चित धन राशि

कभी-कभार पुलिस दो-चार छोटे एजेंटों को पकड; कर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर लेती है। जबकि हकीकत यह है कि सटोरियों के कारनामों को जानने के बाद भी पुलिस के स्थानीय और आला अधिकारी चुप्पी साधे बैठे हैं। कुछ लोगों द्वारा बताया गया है और अवैध शराब और अवैध सट्टा कारोबार करने वालों द्वारा सेंटिंग के तहत हर माह एक निश्चित धन राशि संरक्षणकर्ता को दी जाती है जिसके चलते अवैध कारोबारियों को कोई डर भय नहीं है।
अमीर आदमी बनने का शॉर्टकट जरिया
महादेव सट्टा एप में कई करोड़ रुपए छत्तीसगढ़वासियो का बर्बाद हुआ है। इस खेल में कई लोगो का घर जमीन जायदाद भी बिक गया, क्योकि सट्टा का कारोबार कम समय में अमीर आदमी बनने का एक शॉर्टकट जरिया है जिसके चंगुल में पढ़े लिखे युवकों के साथ बुजुर्ग व्यक्ति भी इस खेल में अपना किस्मत आजमाते हुए देखे जा रहे है। नंबर लग गया तो बल्ले बल्ले नही तो फिर निठल्ले।
