Sunday, October 24, 2021

हार्वर्ड बनाम हार्ड वर्क।

आप 2011 के अन्ना आंदोलन से लेकर वर्तमान तक का सफर तय कीजिये। इस दरम्यान आपको भारत की राजनीति और मीडिया की मिलीभगत का...

समस्यायें बनी रहे युग-युग जिए हमारे नेता, अधिकारी और पत्रकार।

समाज में जब समस्याएं ही नहीं होगी तब ये बेचारे हमारे नेता, अधिकारी, पत्रकार क्या करेंगे ? जब मरीज बढ़ेेंगे, तभी तो डॉक्टर की...

सारकेगुड़ा : जिन्हें सींखचों में होना चाहिए; वो बाहर हैं ! और जिन्हें बाहर...

रायपुर। *सारकेगुड़ा का सच सामने नहीं आ पाता, अगर छत्तीसगढ़ के मानवाधिकार कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज ना होती। महाराष्ट्र के पुणे जेल में बंद मानवाधिकार...

घृणित मानसिकता की परिणीति, माँब लीचिंग

पूर्वाग्रह से ग्रसित और द्वेषभावना पोषित, पांच पच्चीस लोंगो का समूह, अपनी नफरत की आग से अक्सर निर्दोष, निरीह व्यक्तियों को दग्ध कर रहा...

पुलिस रिफॉर्म की दरकार। लेकिन बेपरवाह है सरकार…

देश में अगर सबसे भयानक रुप में किसी महकमे को देखा जाता है तो वह है पुलिस महकमा। लेकिन आखिर इतनी विषम परिस्थितियों में...